लड़का : आई लव यू
लड़की : इक थप्पड पोणा सीधा कागंडे पोणा जाइने ।👋🏻👋🏻👋🏻
.
लड़का : दिख अडिये हौलें मारयां मिंजो ज्वालाजी थोडा काम है।

Loading views...



पत्नी :- मैं तो मेरे भाई के बहरे पण नैं डोब दी ना तूं मेरे पल्ले ना पड़दा … 😗

पति ( मजे लेंदा होया ) :- उसी मेरे साले नैं तो म्हारा रिस्ता कराया था … अर तूं तो कह्या करै अक वा तन्नैं घणा प्यार करै था तेरी सारी फरमैश पूरी करया करदा … 😎

पत्नी :- हां ठीक कहूं थी … पर एकबै मैं गाणा गांऊ थी …
भइया मेरे राखी के बंधन को निभाना
अर उस बहरे नैं सुण लिआ …
भइया मेरे राखी पे बंदर को ले आणा …

फेर वा तन्नैं पसंद कर ल्याया मेरी खात्तर ..

Loading views...

एक जाट नै वकालत शुरु कर दी । पहला ही केस जमीन-जायदाद का मिल ग्या ।

कोर्ट में बहस के दौरान सामने वाली पार्टी की तरफ इशारा कर कै बोल्या — जज साहब, इसनै जमीन कोनी मिल सकती, यो तै गैलड़ सै ।

जज साहब की समझ में कुछ नही आया, बोल्या — वकील साहब ये, गैलड़ क्या होता है जरा समझाओ ।

वकील बोल्या — जी समझा तै दूँगा पर आप बुरा मान ज्याओगे ।

जज बोल्या — भाई समझाना तो पड़ेगा, नही तो केस आगे कैसे बढेगा ? जरा विस्तार से समझाओ ।

वकील बोल्या — सुण जज साहब । तेरा बाप मर ज्या अर तेरी माँ मेरे बाप गैल्यां आ-ज्या । फेर पाच्छै-पाच्छै तू भी आ ज्या, तै तू गैलड़ हो-ग्या अर मैं तन्नै चवन्नी भी ना लेवन दूँ आपणे घर तैं । कदे आजमाइश कर-कै देख लिए !!

Loading views...

ग्राहक: थारी भैंस की एक आंख तो खराब सै, फेर भी तू इसके 25 हज़ार रुपये मांगन लाग्र्या सै?
आदमी: तन्नै भैंस दूध खात्तर चाहिए या नैन-मटक्का करन खात्तर..?????

Loading views...


पूनम : कोई आवाज दे है बाहर गेट पै , देखियो ।
अनिल : कौण है ?
पूनम : मैं ना पिछाणती
अनिल : अच्छा , रुकण की कह , मैं आऊं हुँ बाहर नै ।
एक तै इस घर मैं कुछ मिलता नी बख्त पै , मेरी घड़ी कित गई इब ?
किसे काम की नहीं या लुगाई , कोय चीज ठिकाणे पै नी पाती , बेरा ना के करती रह है सारे दिन बैठ्ठी बैठ्ठी ।
किस्मत फूट गी मेरी जो या पल्लै पड़ी ।
पूनम : तू पहल्या कोस ले अपणी किस्मत नै जी भर कै, तन्नै तो ज्युकर जीवन सफल कर दिया मेरा , तन्नै पा कै तो सारी इच्छा पूरी होगी मेरी ।
मौका मिलते ए जहर काढण लाग ज्या अपणा , कदे मिठास भी आया है इस जबान पै मेरे नाम का ??
इतणे मैं दुबारा किवाड़ खुड़कै है …..
अनिल : आऊं हूँ , आऊं हूँ , शांति राख ।
“नारंगी पीला सूट पहरे एक सुथरा सा चेहरा, जमीन मैं नजर ग़ाड्डे खड़ा था ।
ज्युकर कुछ छिन ग्या हो उसका”
अनिल : जी बोलो ,
पिछाणे नी आप !!
“उसकी आंख ईब भी जमीन पै थी, ज्युकर कुछ
उकेरणा चाहती हो, उस संगमरमर के धोले फर्श पै ।”
ब्होत हिम्मत जुटा कै वा उप्पर लखाई ।
अनिल : सुमन तू !!
“इस बोल के पाछै जो सन्नाटा ब्यखरा , उसकी चीख मैं , वे सारे ‘घा’ जो भर कै , नई खाल मैं ढल गे थे, एक बार फेर हरे हो गे ।”
” वो घर का गेट एक सीमा रेखा मैं बदलग्या ।”
“एक पासै रिवाजां की रस्सी तै गांठ मार कै गला घोंटी होई गृहस्थी थी और दूसरे पासै बख्त अर झूठे अहंकार की मार खाया होया प्यार।”
“बसी होई गृहस्थी मैं अलगाव का विलाप था अर उजड़े होए , दीमक के खाए होए प्यार मैं सुकून।”
“करुणा तै एक जीसी थी दोनूं पासै , बस बख्त सही ना था।”
“दिल के स्वार्थ नै गृहस्थी के किवाड़ लात मार कै बंद कर दिए थे ।”
अहमद फ़राज़ साहब की ग़ज़ल का यो शेर ब्होत सही लागै है आडै :
” रंजिश ही सही, दिल ही दुखाने के लिए आ …
तू फिर से मुझे छोड़ के जाने के लिए आ “

Loading views...

आज मौसी का छोरा आ रया था … माँ नै जांदी हाण उस्तै सौ रपइए दिए प्यार के …
मन्नै बाहर लिक्ड़दे ई हेर लिआ … ओ कुत्ते गाजरपाक खुआ कै जा ,

हे प्रभू मेरे इस गुनाह को माफ करना वो भी मेरी गैल ऐसे इ करता है जी

Loading views...


काल पहली बार एक फेसबुक फ्रैंड के साथ डेट पै जांऊ था … दोस्त बोल्या :- कॉन्फिडैंस तै बात करिए छोरी के स्यामी बौखला मत जइए …😊

मखा रै बाप तै मत सिखावै , ऐसी ऐसी छोरियां तो आंगली पै नचा दिया करूं मैं … 😎

10:30 AM Coffee shop …

वा आई अर स्यामी बैठदे ई बोली :- So today is your holiday … 😗

मखा yes yes is is … 😰

थोड़ा मुस्करा कै बोली :- ok what would you have tea , coffee or cold drink … 😗

मैं उखड़ती सांस काब्बू करदा बोल्या :- yes yes … same to you … thankyou … 😰😨

इसकी बेब्बै कै बाथरूम का बहाना करकै भाज आया ओढ़े तै … अपणे बस की ना ये डेट फेट

Loading views...


फोन मैं एक वाएरस साफ करण की ऐप थी उसपै दिन मैं दसियां मैसेज आए करते अक फोन हैंग होण तै बचाण तंइ फालतू ऐप डीलीट करो …
मन्नै वा ऐप ए डीलीट मार दी सुसरी … ईब ना हैंग होता फोन

Loading views...

छोटे छोटे चैक की लाल बुरशट , डार्क गरे पन्ट , पीटर इंग्लैंड की जर्सी , रेड चीफ के काले जूत्ते , क्लीन शेव , सुथरे पठे बाह क आज घर त लिकड़ा था डयूटी प। पर कोइसी भाईरोई न, ना त देख्या अर ना भाव दिए
फेर मन्ने सोच्या के कमी रह गी र
भीतर त आवाज आई दिल्ली म आ रया स खागड आड़े सकल भी भुंडी होणि चईये

Loading views...

ताऊ :- बिंदर की ताई उपर आजा घणी सोहणी हवा चालरी है …
ताई :- बिंदर के ताऊ चुप्प चाल्ला सो ज्या मन्नैं बेरा तन्नैं आग लागरी सै … 😩

कवि समेंलण मैं भेजण जोग्गे होरे ये तो

Loading views...


हाए रै गरमी …

म्हारे झोट्टे नैं छोह मैं आकै लिया जोड़िया तोड़ ,
भाज्या बिदक कै गाली देंदा बड़ गया भित्तर जोहड़ ,

बड़ गया भित्तर जोहड़ , बोल्या बाहर नी आंदा ,
ना तूं कदे नहावै … अर ना मन्नैं नुहांदा …

Loading views...


हूं तो मैं बी एक आम से घर का बालक , बाब्बु नै प्लस टू करवादी … फेर मेरे सपने सरु होए अक ईब माँ बाब्बु तै राज कराउंगा , उनके सपने पूरे करुंगा …

फेर किसी नै बताई अक बेट्टे कोई कोरस करना जरूरी है … बाब्बु नैं हिम्मत करकै कोरस बी करवा दिया दो साल का … ईब मैं खुश था , अक आण दे वकैंसी …

माँ बाब्बु खात्तर शहर मैं नवा घर बनांउगा … एक बैठक गाम तै आण आले चाचा ताऊ अर यारां दोस्तां खात्तर बी बणाऊंगा … जड़ै मेरा बाब्बु होक्का ले कै सबके बीच शान से बैठ्या होगा ,

अर फेर एक कोई मेरे सपनों की राजकुमारी बी होगी जो अपने माँ बाब्बु तै या कवैगी अक … अब क्या प्रोबल्म है अब तो आप हमारी शादी करवादो वरना मैं मर जाउंगी …

पर यार सपने तो सपने होते हैं … मेरी जॉब की वेकैंसी आई … टोटल अट्ठारह … अर अप्लाई करण आले कैंडिडेट साड्डे तीन लाख ,

मतलब उन साड्डे तीन लाख दोस्तां के सपने बी मेरे जैसे होंगे जो मेरे आला कोरस कररे हैं …

मेरा नंबर तो लाग्गै यां नां पर भगवान जी मजे लेणे हो तो मेरे ले … मेरे सपने मतना तोड़ै , बेसक एक आध्धी हड्डी तोड़ दे …

Loading views...

एक अस्सी साल के बुजरग नै बुढ़ापे के अकेले पण तै तंग आकै एक सत्तर साल की विधवा गैल ब्याह कर लिआ …
सुहागरात नै बेगम धोरै गया अर … उसका हाथ पकड़ कै सो ग्या …
दूसरी रात बी याए काम करया बुढ़िया का हाथ पकड़ कै सो गया …
तीसरी रात बी …
चौथी बी …
पांचवी रात हाथ पकड़न लाग्या तो बुढिया बोल्ली … आज मेरी तबियत कुछ ठीक नाहै जी … आज रैहण दो प्लीज

Loading views...


*टेम आण दै मोदी*
*तनै प्रधानमंत्री की कुर्सी न्यू: याद आवेगी*
ज्युकर सिरसा आले बाबे ने हनीप्रीत याद आवै

Loading views...

बालकपण मैं अपणे खिलौणे तेरे घरां भूल आया करदा जो तन्नै पसंद आए करदे …
स्कूल मैं तेरा बी बस्ता तेरे घर तक ठाकै ल्याए करदा …
कालेज मैं तेरी हर प्रोजैक्ट मैं दिन रात एक कर दिया करदा …
नौकरी ना करी खेती करण लाग ग्या अक तेरे तै दूर ना जांऊ …
तन्नै तो बैरण बी ना कैह सकदा बैरण … छौड़ तो गई … पर एकबै तो कैह देंदी अक वा सब मेरा पागलपण था … अर वा प्यार ना प्यार के नाम पै गुलामी थी .

Loading views...

जे थारे सारा कै नये साल की कुरकरी मिटगी हो तो
मकर संक्रांति और लोहङी के मैसेज चालू कर दैवू के ।

Loading views...