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Preet Singh ( View Profile )

हूं तो मैं बी एक आम से घर का बालक , बाब्बु नै प्लस टू करवादी … फेर मेरे सपने सरु होए अक ईब माँ बाब्बु तै राज कराउंगा , उनके सपने पूरे करुंगा …

फेर किसी नै बताई अक बेट्टे कोई कोरस करना जरूरी है … बाब्बु नैं हिम्मत करकै कोरस बी करवा दिया दो साल का … ईब मैं खुश था , अक आण दे वकैंसी …

माँ बाब्बु खात्तर शहर मैं नवा घर बनांउगा … एक बैठक गाम तै आण आले चाचा ताऊ अर यारां दोस्तां खात्तर बी बणाऊंगा … जड़ै मेरा बाब्बु होक्का ले कै सबके बीच शान से बैठ्या होगा ,

अर फेर एक कोई मेरे सपनों की राजकुमारी बी होगी जो अपने माँ बाब्बु तै या कवैगी अक … अब क्या प्रोबल्म है अब तो आप हमारी शादी करवादो वरना मैं मर जाउंगी …

पर यार सपने तो सपने होते हैं … मेरी जॉब की वेकैंसी आई … टोटल अट्ठारह … अर अप्लाई करण आले कैंडिडेट साड्डे तीन लाख ,

मतलब उन साड्डे तीन लाख दोस्तां के सपने बी मेरे जैसे होंगे जो मेरे आला कोरस कररे हैं …

मेरा नंबर तो लाग्गै यां नां पर भगवान जी मजे लेणे हो तो मेरे ले … मेरे सपने मतना तोड़ै , बेसक एक आध्धी हड्डी तोड़ दे …



Language » Haryanvi
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